कटर
चित्र:Apsco Vacuhold pencil sharpener 15.ogv
कटर (अंगरेजी: पेंसिल शार्पनर चाहे पेंसिल प्वाइंट; आयरलैंड मे पेरेर भा टॉपर)[१] एगो अऊजार हटे जेकरा पेंसिल के छिल के ओकर नोखि के तेज कईल जाला। एकर संचालन मनई करेला चाहे कोनो मे मोटरो लागल रहेला। कोनो कोनो कटर प ढकना लागल रहेला जेकरा पेंसिल मे छिलकोइया बिगे बजी हटाई दिहल जाला।
इतिहास[संपादन करीं | स्रोत संपादित करीं]
कटर से पहिले पेंसिल के छुड़ी से तेज कईल जात रहे। कटर बनला के बादि इ काज बहुते सरल हो गइल आ पेंसिल बेसी नीमन से छिलाए लागल।
कटर बनावे के सुरुआत फ्रांस मे भईल, जब एगो फ्रंसिसी पुस्तक एगो सिए बाउचर के कटर कर आविष्कार दिया बिस्तार से लिखलस। उहां के पैंटोग्राफ प काज करत रहीं आ उहाँ के पेंसिल छिले ला एगो निमन अउजार के दरकार रहे।[२][३] बाउचर के जंत्र बहुते नीमन रहे आ देस हुनकर एकरा ला देस बिदेस मे तारिफो भईल।[४] बाकिर बाउचर एपे पटेंट ना लिहलन।
बर्नार्ड लेसिमोन कटर के पेटेंट ला 1828 मे अर्जी दिहलन[५] एह पेंटेंट प पेरिस के एगो दोकान कटर बेचलस आ बनईलस। 1833 मे इंग्लैंड के कुपर आ एकस्टाइन, स्टीलॉक्सिनन नाम से एगो पेटेंट लेलन, जेमे दुगो रेती नब्बे डिग्री के कोन प लगाई के सिसम के काठ प लगावल रहे।[६][७] ई आजु ले बाँचल सभ से पुरान कटर बा।[८]
1830 आ 1840 के दसक मे पेरिस केह ढेर जाना जइसे, फ्रनकोइस जोसेफ कटर बनावे मे लागल रहें।[९]
छबी सभ[संपादन करीं | स्रोत संपादित करीं]
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Hand-cranked planetary sharpener, with cover in place
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Hand-cranked planetary sharpener from 1950–60, with cover removed
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Hand-cranked planetary sharpener with spring-driven pencil holder. The small handle behind the crank is the sharpness regulator.
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AC-powered electric pencil sharpener. The mechanism is similar to the planetary sharpener, except there is a motor instead of a crank.
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Battery-operated sharpener